Rewa News; रीवा में तिलक चढ़ते ही टूटी शादी: दूल्हे के राज का खुलासा होते ही बढ़ा विवाद, जमकर मारपीट

Rewa News Today: रीवा के बैकुठपुर थाना अंतर्गत एक तिलक समारोह के दौरान विवाद हो गया। आरोप है कि दूल्हे का अफेयर था। किसी ने दूल्हे और अन्य लड़की की फोटो दुल्हन पक्ष को भेजी जिसके बाद मामला मारपीट तक पहुंच गया।
मध्य प्रदेश के रीवा जिले में शादी से पहले तिलक समारोह के दौरान ऐसा बवाल मचा कि खुशियों का माहौल देखते ही देखते हिंसा में बदल गया। मामला बैकुठपुर थाना क्षेत्र के ग्राम डिआ माड़ो का है, जहां दूल्हे के कथित अफेयर का खुलासा होने के बाद लड़की पक्ष ने शादी से इंकार कर दिया। आरोप है कि इसके बाद दूल्हा पक्ष ने न सिर्फ मारपीट की बल्कि तिलक में लाया गया सामान, बाइक और नकदी भी अपने कब्जे में ले ली।
घटना के बाद पीड़ित परिवार ने स्थानीय पुलिस पर कार्रवाई नहीं करने का आरोप लगाते हुए पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर न्याय की गुहार लगाई है। यह मामला अब पूरे इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है।
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तिलक से ठीक पहले सोशल मीडिया से खुला राज
पीड़ित पक्ष के मुताबिक, लड़की का रिश्ता ग्राम डिआ माड़ो निवासी दिवाकर यादव के परिवार में तय हुआ था। रविवार 10 मई को तिलक समारोह आयोजित था। लड़की पक्ष ग्राम देवर कोठार से पूरे रीति-रिवाज और तैयारी के साथ तिलक चढ़ाने के लिए पहुंचा था।
परिवार के लोगों का कहना है कि कार्यक्रम सामान्य तरीके से चल रहा था। नाश्ता और स्वागत की रस्में हो रही थीं। इसी दौरान तिलक चढ़ाने से करीब एक घंटा पहले सोशल मीडिया पर दूल्हे की कुछ तस्वीरें और वीडियो सामने आए, जिनमें वह दूसरी लड़की के साथ दिखाई दे रहा था।
लड़की पक्ष का आरोप है कि इंस्टाग्राम पर वायरल हुए फोटो और वीडियो देखने के बाद उन्हें दूल्हे के किसी दूसरी लड़की के साथ संबंध होने की जानकारी मिली। इसके बाद परिवार ने दूल्हे से सवाल किए।
ऐसी शादी नहीं करेंगे – कहते ही बढ़ा विवाद
दुल्हन पक्ष की महिलाओं और परिजनों ने जब दूल्हे से फोटो और वीडियो के बारे में पूछा तो संतोषजनक जवाब नहीं मिला। पीड़ित परिवार का कहना है कि दूल्हे ने पहले बात टालने की कोशिश की और बाद में विवाद बढ़ गया।
दुल्हन की भाभी ने बताया कि जब उन्होंने साफ कहा कि “ऐसी स्थिति में शादी नहीं कर पाएंगे”, तभी माहौल बिगड़ गया। आरोप है कि इसके तुरंत बाद दूल्हा पक्ष के लोग आक्रामक हो गए और मारपीट शुरू कर दी।
पीड़ितों के अनुसार, वहां मौजूद लोगों को लाठी-डंडों से दौड़ा-दौड़ाकर पीटा गया। इस घटना में दुल्हन के भाई सहित कई लोग घायल हुए हैं। कुछ लोगों को गंभीर चोटें आने की बात भी सामने आई है।
₹80 हजार नकद और Pulsar बाइक छीनने का आरोप
लड़की पक्ष ने आरोप लगाया है कि तिलक कार्यक्रम के लिए वे नकद राशि और सामान लेकर पहुंचे थे। परिवार का कहना है कि लड़के वालों की ओर से पहले Pulsar बाइक और नकद राशि की मांग की गई थी।
पीड़ित परिवार के अनुसार, तिलक में देने के लिए बाइक लाई गई थी, जबकि करीब ₹80 हजार नकद भी साथ रखा गया था। आरोप है कि विवाद के दौरान दूल्हा पक्ष ने नकदी, बाइक और तिलक का अन्य सामान जबरन अपने कब्जे में ले लिया।
घायल युवक ने बताया कि यह रकम फर्नीचर खरीदने और अन्य शादी संबंधी खर्चों के लिए रखी गई थी। उनका कहना है कि मारपीट के दौरान जेब से नकदी भी निकाल ली गई।
“112 नंबर पर कॉल किया, लेकिन देर से पहुंची पुलिस”
पीड़ित परिवार का आरोप है कि घटना के बाद तुरंत पुलिस को सूचना दी गई थी, लेकिन मदद समय पर नहीं मिली। उनका कहना है कि Dial-100 करीब डेढ़ घंटे बाद मौके पर पहुंची।
इसके बाद दोनों पक्षों को पुलिस के द्वारा बैकुंठपुर थाने ले जाया गया। हालांकि पीड़ितों का आरोप है कि उनकी शिकायत पूरी तरह दर्ज नहीं की गई।
परिवार का कहना है कि उन्होंने जो बयान दिए, उन्हें सही तरीके से नहीं लिखा गया। इसी वजह से दूसरे दिन वे पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे और निष्पक्ष कार्रवाई की मांग की।
गांव में चर्चा का विषय बनी घटना
ग्रामीणों के अनुसार, तिलक समारोह के दौरान अचानक हुए विवाद से वहां अफरा-तफरी मच गई। शादी की खुशी में शामिल होने आए लोग अचानक हिंसक झगड़े के गवाह बन गए।
स्थानीय लोगों का कहना है कि सोशल मीडिया पर सामने आई तस्वीरों ने पूरे मामले को पलभर में बदल दिया। जिस समारोह में कुछ देर बाद शादी की रस्मों की तैयारी होनी थी, वहीं पुलिस और घायल लोगों की भीड़ दिखाई देने लगी।
पुलिस जांच के बाद साफ होगी तस्वीर
फिलहाल पूरे मामले में दोनों पक्षों की ओर से अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं। लड़की पक्ष जहां दहेज मांग, मारपीट और नकदी छीनने के आरोप लगा रहा है, वहीं पुलिस अब मामले की जांच में जुटी हुई है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शिकायत प्राप्त हुई है और पूरे घटनाक्रम की जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। मेडिकल रिपोर्ट और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान भी जांच का हिस्सा बनाए जा सकते हैं।
यह मामला एक बार फिर दिखाता है कि सोशल मीडिया पर सामने आने वाली जानकारी किस तरह रिश्तों और सामाजिक आयोजनों को अचानक प्रभावित कर सकती है। वहीं दहेज और पारिवारिक विवाद जैसी संवेदनशील बातें अब कानून व्यवस्था के लिए भी बड़ी चुनौती बनती जा रही हैं।
