Desi jugaad; गाड़ी के पहिए में हवा भरकर तालाब में उतरे पूर्व विधानसभा अध्यक्ष गिरीश गौतम, लोग देखते रह गए
Desi jugaad: मध्य प्रदेश के पूर्व विधानसभा अध्यक्ष देवतालाब विधायक गिरीश गौतम का देशी जुगाड वाला अंदाज, पहिए में हवा भरकर तालाब तैरने का वीडियो वायरल
“VIP नेताओं की भीड़ और सुरक्षा घेरे से अलग, मध्य प्रदेश के एक वरिष्ठ नेता का वीडियो इन दिनों सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। पूर्व विधानसभा अध्यक्ष गिरीश गौतम तालाब में उतरकर तैरते नजर आए, जिसे लोग जल संरक्षण से जोड़कर देख रहे हैं।” इस बार वजह कोई राजनीतिक बयान नहीं, बल्कि एक ऐसा वीडियो है जिसने सोशल मीडिया पर लोगों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। वायरल हो रहे वीडियो में देवतालाब विधायक गिरीश गौतम तालाब के पानी में उतरकर तैरते हुए नजर आ रहे हैं। उनके इस अंदाज को लोग “जमीन से जुड़े नेता” की छवि से जोड़कर देख रहे हैं।
बताया जा रहा है कि यह वीडियो रीवा और मऊगंज क्षेत्र में चल रहे ‘जल गंगा संवर्धन अभियान’ के दौरान का है। अभियान का उद्देश्य जल स्रोतों के संरक्षण, नदियों और तालाबों की सफाई तथा लोगों को जल बचाने के प्रति जागरूक करना है। इसी अभियान के तहत गिरीश गौतम खुद तालाब में उतरे और लोगों को जल संरक्षण का संदेश देते दिखाई दिए।
सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ वीडियो Desi jugaad
वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर इसकी खूब चर्चा हो रही है। कई लोगों ने इसे सकारात्मक पहल बताते हुए कहा कि जब जनप्रतिनिधि खुद मैदान में उतरते हैं, तब लोगों पर उसका असर ज्यादा होता है। वीडियो में देखा जा सकता है कि गिरीश गौतम पानी के बीच पहुंचकर लोगों से संवाद कर रहे हैं और जल स्रोतों को साफ रखने की अपील भी कर रहे हैं।
स्थानीय लोगों के अनुसार, यह दृश्य देवतालाब विधानसभा क्षेत्र के एक तालाब का है, जहां अभियान के तहत सफाई और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया था। वहां मौजूद लोगों ने विधायक का यह अलग अंदाज अपने मोबाइल कैमरे में रिकॉर्ड कर लिया, जिसके बाद वीडियो तेजी से वायरल होने लगा।
जल संरक्षण को लेकर दिया बड़ा संदेश desi jugaad
मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में हर साल गर्मी के मौसम में जल संकट की स्थिति बनती है। ऐसे में सरकार और प्रशासन लगातार जल संरक्षण को लेकर अभियान चला रहे हैं। विशेषज्ञ भी मानते हैं कि यदि पारंपरिक जल स्रोतों को बचाया जाए तो आने वाले समय में पानी की समस्या काफी हद तक कम हो सकती है।
गिरीश गौतम ने भी लोगों से अपील की कि तालाब, नदी और कुओं जैसे प्राकृतिक जल स्रोतों को बचाना बेहद जरूरी है। स्थानीय लोगों का कहना है कि केवल भाषण देने के बजाय जब कोई जनप्रतिनिधि खुद पानी में उतरकर संदेश देता है, तो उसका प्रभाव ज्यादा दिखाई देता है।
राजनीति से अलग दिखा मानवीय और सामाजिक चेहरा
आमतौर पर नेताओं की तस्वीरें मंच, सभाओं और राजनीतिक कार्यक्रमों में दिखाई देती हैं, लेकिन इस वीडियो में गिरीश गौतम बिल्कुल अलग अंदाज में नजर आए। यही कारण है कि वीडियो को लोग तेजी से शेयर कर रहे हैं।
सोशल मीडिया पर कई यूजर्स ने लिखा कि जल संरक्षण केवल सरकारी योजना नहीं बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी भी है। वहीं कुछ लोगों ने कहा कि सार्वजनिक जीवन में रहने वाले लोगों को ऐसे अभियानों में आगे आकर भाग लेना चाहिए ताकि आम नागरिक भी प्रेरित हों।
देवतालाब क्षेत्र में पहले भी सक्रिय रहे हैं गिरीश गौतम
देवतालाब विधानसभा क्षेत्र में गिरीश गौतम लंबे समय से सक्रिय राजनीति का हिस्सा रहे हैं। वे मध्य प्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी भी संभाल चुके हैं। वर्तमान में वे भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेताओं में गिने जाते हैं और क्षेत्रीय गतिविधियों में लगातार सक्रिय रहते हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि वे अक्सर सामाजिक और जनहित से जुड़े कार्यक्रमों में भाग लेते हैं। जल गंगा संवर्धन अभियान में उनकी मौजूदगी को भी लोग उसी कड़ी के रूप में देख रहे हैं।
जल गंगा संवर्धन अभियान क्या है?
मध्य प्रदेश में चलाया जा रहा ‘जल गंगा संवर्धन अभियान’ जल संरक्षण और पर्यावरण जागरूकता से जुड़ा अभियान माना जा रहा है। इसके तहत गांवों और शहरों में तालाबों, नदियों और अन्य जल स्रोतों की सफाई, गहरीकरण और संरक्षण पर जोर दिया जा रहा है।
अभियान का मुख्य उद्देश्य लोगों को यह समझाना है कि यदि आज जल स्रोतों को नहीं बचाया गया, तो भविष्य में पानी की समस्या और गंभीर हो सकती है। यही वजह है कि सामाजिक संगठनों, प्रशासन और जनप्रतिनिधियों को भी इस अभियान से जोड़ा जा रहा है।
लोगों ने दी मिली-जुली प्रतिक्रिया
वायरल वीडियो पर लोगों की अलग-अलग प्रतिक्रियाएं भी सामने आ रही हैं। कुछ लोग इसे जनजागरूकता का अच्छा तरीका बता रहे हैं, जबकि कुछ का कहना है कि ऐसे अभियानों का असर तभी दिखाई देगा जब सफाई और संरक्षण का काम लगातार जारी रहे।
हालांकि अधिकांश लोगों ने वीडियो को सकारात्मक रूप में लिया है। खासकर युवाओं के बीच यह वीडियो तेजी से शेयर किया जा रहा है। कई यूजर्स ने लिखा कि राजनीति से हटकर समाज और पर्यावरण के मुद्दों पर भी नेताओं को सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए।
डिजिटल दौर में ऐसे वीडियो क्यों बनते हैं चर्चा का विषय?
आज के समय में सोशल मीडिया केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं रह गया है। यहां ऐसे वीडियो भी तेजी से वायरल होते हैं जिनमें लोगों को कुछ अलग, मानवीय या प्रेरणादायक दिखाई देता है। गिरीश गौतम का यह वीडियो भी उसी श्रेणी में देखा जा रहा है।
वीडियो में कोई राजनीतिक भाषण या मंचीय माहौल नहीं है, बल्कि एक जनप्रतिनिधि सीधे पानी में उतरकर संदेश देता दिखाई दे रहा है। यही सादगी और अलग अंदाज लोगों को आकर्षित कर रहा है।
जल संरक्षण पर बढ़ रही जागरूकता
विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले वर्षों में जल संरक्षण सबसे बड़ी चुनौतियों में शामिल हो सकता है। ऐसे में यदि समाज और जनप्रतिनिधि मिलकर जागरूकता फैलाते हैं, तो इसका सकारात्मक असर दिखाई दे सकता है।
रीवा और मऊगंज क्षेत्र में वायरल हुआ यह वीडियो फिलहाल सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है। लोग इसे केवल एक वायरल क्लिप नहीं बल्कि जल संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने वाली पहल के रूप में भी देख रहे हैं।
