Sidhi news; आंधी-बारिश का कहर: सीधी में बोलोरो पर गिरा विशाल आम का पेड़, पलभर में चकनाचूर हुई गाड़ी
मध्य प्रदेश के विंध्य क्षेत्र में मौसम ने अचानक करवट ली और 30 अप्रैल की रात से शुरू हुआ आंधी-बारिश का दौर अब कहर बनकर सामने आ रहा है। रीवा, सीधी, मऊगंज और सिंगरौली जिलों में तेज हवाओं, गरज-चमक और बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। इसी बीच सीधी जिले से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जहां तेज आंधी के चलते एक विशाल आम का पेड़ टूटकर सीधे खड़ी बोलोरो गाड़ी पर गिर पड़ा। इस हादसे में CG 12R 6131 नंबर की बोलोरो पूरी तरह चकनाचूर हो गई। राहत की बात यह रही कि उस समय वाहन में कोई मौजूद नहीं था, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया।
जानकारी के अनुसार, मऊगंज के विरादेई निवासी एक व्यक्ति किसी निजी कार्य से सीधी जिले के कोदौरा क्षेत्र में आया हुआ था। उसने अपनी बोलोरो गाड़ी को सड़क किनारे एक आम के पेड़ के पास खड़ा कर दिया था। सुबह करीब 9 बजे अचानक मौसम ने विकराल रूप ले लिया और तेज आंधी के साथ बारिश शुरू हो गई। इसी दौरान तेज हवा के दबाव को झेल नहीं पाने के कारण पुराना आम का पेड़ जड़ से हिल गया और भारी भरकम तना सीधे वाहन पर आ गिरा।
पेड़ गिरने की आवाज इतनी तेज थी कि आसपास मौजूद लोग दहशत में आ गए। जब तक कोई कुछ समझ पाता, तब तक गाड़ी पूरी तरह दब चुकी थी। पेड़ के वजन और तेज गिरावट के कारण बोलोरो का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और वाहन का ढांचा तक मुड़ गया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, अगर उस वक्त गाड़ी में कोई व्यक्ति बैठा होता, तो उसकी जान बचना लगभग नामुमकिन था।
घटना के तुरंत बाद स्थानीय लोग मौके पर इकट्ठा हो गए और राहत कार्य शुरू किया। ग्रामीणों ने मिलकर कड़ी मशक्कत के बाद पेड़ को वाहन से हटाया। इस दौरान प्रशासन को भी सूचना दी गई, हालांकि स्थानीय स्तर पर ही लोगों ने स्थिति को संभाल लिया। गाड़ी मालिक इस हादसे से काफी आहत नजर आया, क्योंकि वाहन पूरी तरह से बेकार हो चुका है।
मौसम विभाग पहले ही इस क्षेत्र में आंधी और बारिश को लेकर अलर्ट जारी कर चुका था। विशेषज्ञों का कहना है कि तापमान में अचानक बदलाव और पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने के कारण इस तरह का मौसम बन रहा है। तेज हवाओं की रफ्तार कई जगहों पर 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक दर्ज की गई है, जिससे पेड़ों और कमजोर संरचनाओं को भारी नुकसान पहुंच रहा है।
रीवा, सीधी, मऊगंज और सिंगरौली में बीती रात से ही कई स्थानों पर बिजली आपूर्ति भी प्रभावित हुई है। कई जगहों पर पेड़ गिरने और तार टूटने की घटनाएं सामने आई हैं। ग्रामीण इलाकों में लोगों को ज्यादा परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, जहां बिजली और संचार सेवाएं बाधित हो गई हैं।
स्थानीय प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान घरों से बाहर निकलने से बचें और विशेष रूप से पेड़ों या कमजोर संरचनाओं के पास वाहन खड़ा न करें। साथ ही किसानों को भी सलाह दी गई है कि वे अपने खेतों में सतर्कता बरतें, क्योंकि तेज हवा और बारिश फसलों को नुकसान पहुंचा सकती है।
यह घटना एक बार फिर यह साबित करती है कि प्राकृतिक आपदाएं कभी भी अचानक और गंभीर रूप ले सकती हैं। थोड़ी सी लापरवाही बड़े नुकसान का कारण बन सकती है। फिलहाल राहत की बात यह है कि इस हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई, लेकिन वाहन को हुआ नुकसान काफी बड़ा है।
मौसम विभाग के अनुसार आने वाले कुछ दिनों तक इसी तरह का मौसम बना रह सकता है। ऐसे में प्रशासन और आम जनता दोनों को सतर्क रहने की जरूरत है, ताकि किसी भी संभावित हादसे से बचा जा सके।
