रीवा–भोपाल रूट के यात्रियों को बड़ी राहत: रेवांचल एक्सप्रेस में बढ़ेंगे जनरल कोच, शुरू होगी सस्ती AC 3-इकोनॉमी सुविधा
रीवा सहित पूरे विंध्य क्षेत्र के रेल यात्रियों के लिए एक बड़ी राहत भरी खबर सामने आई है। लंबे समय से यात्रियों की बढ़ती संख्या और आरक्षण में हो रही दिक्कतों को देखते हुए रेलवे ने अब कोच संरचना में महत्वपूर्ण बदलाव करने का निर्णय लिया है। खासतौर पर रीवा से प्रदेश की राजधानी भोपाल (रानी कमलापति) के बीच चलने वाली रेवांचल एक्सप्रेस में यात्रियों को बेहतर सुविधा देने के लिए यह बदलाव लागू किया जा रहा है।
रेलवे सूत्रों के अनुसार, इस ट्रेन में सामान्य श्रेणी के यात्रियों को ध्यान में रखते हुए जनरल कोच की संख्या बढ़ाई जा रही है। इसके साथ ही यात्रियों को सस्ती एसी यात्रा का विकल्प देने के लिए एसी 3-इकोनॉमी कोच भी जोड़ा जा रहा है। यह बदलाव खास तौर पर उन यात्रियों के लिए फायदेमंद होगा जो कम खर्च में आरामदायक सफर करना चाहते हैं।
जानकारी के मुताबिक, गाड़ी संख्या 12185 रीवा–रानी कमलापति एक्सप्रेस में एक एसी थर्ड टियर (AC 3-tier) कोच की जगह एसी 3-इकोनॉमी कोच लगाया जाएगा। इस नई सुविधा को 15 जून से लागू किया जाएगा। वहीं, वापसी में चलने वाली गाड़ी संख्या 12186 में यह बदलाव 16 जून से प्रभावी होगा। इससे यात्रियों को न केवल अधिक सीटें उपलब्ध होंगी बल्कि किराया भी अपेक्षाकृत कम रहेगा।
रीवा से राजधानी जाने वाले यात्रियों की संख्या लगातार बढ़ रही है। खासकर छात्र-छात्राएं, जो भोपाल में कोचिंग या उच्च शिक्षा के लिए जाते हैं, उन्हें अक्सर टिकट नहीं मिलने की समस्या का सामना करना पड़ता है। इसके अलावा नौकरीपेशा और व्यापार से जुड़े लोग भी नियमित रूप से इस रूट पर यात्रा करते हैं। ऐसे में एसी 3-इकोनॉमी कोच की शुरुआत से उन्हें बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
रेलवे द्वारा किए जा रहे ये बदलाव केवल रेवांचल एक्सप्रेस तक सीमित नहीं हैं। पश्चिम मध्य रेलवे के अंतर्गत आने वाली कुल 14 ट्रेनों में कोच संरचना में स्थायी परिवर्तन किया जा रहा है। इन सभी ट्रेनों में एसी थ्री टियर कोच की जगह एसी 3-इकोनॉमी को जोड़ा जाएगा, जिससे अधिक यात्रियों को एसी सुविधा मिल सकेगी।
इसी क्रम में भोपाल–सिंगरौली एक्सप्रेस (गाड़ी संख्या 22165) में यह सुविधा 20 जून से लागू होगी, जबकि सिंगरौली से भोपाल आने वाली गाड़ी संख्या 22166 में यह बदलाव 23 जून से प्रभावी होगा। इसके अलावा सिंगरौली–हजरत निजामुद्दीन एक्सप्रेस (22167) में 21 जून से और वापसी की गाड़ी संख्या 22168 में 22 जून से एसी 3-इकोनॉमी कोच जोड़ा जाएगा।
रेलवे अधिकारियों का कहना है कि इस पहल का मुख्य उद्देश्य यात्रियों को किफायती दर पर बेहतर एसी यात्रा सुविधा उपलब्ध कराना है। एसी 3-इकोनॉमी कोच में सामान्य एसी कोच की तुलना में अधिक बर्थ होती हैं, जिससे सीटों की उपलब्धता बढ़ जाती है। इसके अलावा यह कोच आधुनिक सुविधाओं से लैस होते हैं, जिससे यात्रियों को आरामदायक सफर का अनुभव मिलता है।
विंध्य क्षेत्र के लिए यह बदलाव इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि यहां से बड़ी संख्या में लोग शिक्षा, रोजगार और व्यापार के सिलसिले में राजधानी और अन्य बड़े शहरों की ओर यात्रा करते हैं। अब तक सीमित कोच और अधिक मांग के कारण यात्रियों को वेटिंग टिकट या महंगे विकल्पों का सहारा लेना पड़ता था। लेकिन अब नए कोच जुड़ने से यह समस्या काफी हद तक कम हो जाएगी।
रेलवे द्वारा चरणबद्ध तरीके से इन परिवर्तनों को लागू किया जा रहा है, ताकि संचालन में किसी प्रकार की बाधा न आए। स्थायी कोच संयोजन लागू होने के बाद यात्रियों को नियमित रूप से बेहतर और संतुलित यात्रा सुविधा मिल सकेगी।
कुल मिलाकर देखा जाए तो रीवा से भोपाल के बीच यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए यह एक सकारात्मक और राहत भरा कदम है। एसी 3-इकोनॉमी कोच की शुरुआत से जहां एक ओर यात्रियों को गर्मी से राहत मिलेगी, वहीं दूसरी ओर उनकी जेब पर भी ज्यादा बोझ नहीं पड़ेगा। आने वाले समय में यह बदलाव यात्रियों के अनुभव को और बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
