MP Weather Update: 44°C पार पहुंचा पारा, 22 जिलों में लू का खतरा; इन तारीखों में होगी बारिश
MP weather Update; मप्र इन दिनों भीषण गर्मी की चपेट में है। प्रदेश के ग्वालियर, चंबल, सागर और रीवा संभाग में तापमान तेजी से बढ़ रहा है, वहीं मालवा-निमाड़ क्षेत्र यानी इंदौर-उज्जैन के साथ भोपाल और नर्मदापुरम में भी तेज धूप लोगों को झुलसा रही है। शनिवार को हालात इतने गंभीर रहे कि प्रदेश के 6 शहरों में तापमान 44 डिग्री सेल्सियस या उससे अधिक दर्ज किया गया। गर्म हवाओं और तेज धूप के कारण जनजीवन प्रभावित हो रहा है और लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी जा रही है।
खजुराहो बना सबसे गर्म शहर
छतरपुर जिले का खजुराहो प्रदेश का सबसे गर्म स्थान रहा, जहां अधिकतम तापमान 44.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके बाद रतलाम में 44.5 डिग्री तापमान रहा। दतिया और धार में पारा 44.1 डिग्री तक पहुंचा, जबकि नौगांव और श्योपुर में 44 डिग्री दर्ज किया गया। टीकमगढ़ और मंडला में तापमान 43.8 डिग्री, दमोह में 43.6 डिग्री और उमरिया में 43.5 डिग्री सेल्सियस रहा।
इसके अलावा नर्मदापुरम में 43.4 डिग्री, गुना और सतना में 43.3 डिग्री, सीधी में 43.2 डिग्री और सागर में 43.1 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। रीवा और मलाजखंड में 43 डिग्री, रायसेन में 42.8 डिग्री और खरगोन में 42.4 डिग्री तापमान रहा। बड़े शहरों की बात करें तो ग्वालियर और उज्जैन में तापमान 43 डिग्री तक पहुंच गया, जबकि भोपाल में 42.4 डिग्री, इंदौर में 42.2 डिग्री और जबलपुर में 42.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
22 जिलों में लू का अलर्ट
रविवार को प्रदेश के 22 जिलों में लू चलने की चेतावनी जारी की गई है। इनमें ग्वालियर, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, डिंडौरी, मंडला, बालाघाट, सिवनी, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, रायसेन, नर्मदापुरम, नीमच, मंदसौर, रतलाम, झाबुआ, धार और अलीराजपुर शामिल हैं।
इसके अलावा भोपाल, इंदौर और उज्जैन में भी गर्मी का असर बना रहेगा और यहां तापमान 41 डिग्री सेल्सियस के पार रहने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार, दोपहर के समय लू का प्रभाव सबसे ज्यादा रहेगा, जिससे स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं बढ़ सकती हैं।
मौसम बदलेगा, बारिश की संभावना
तेज गर्मी के बीच राहत की खबर भी है। मौसम विभाग ने संकेत दिए हैं कि 27 अप्रैल से प्रदेश के कुछ हिस्सों में मौसम बदलेगा। अगले तीन दिनों तक गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना जताई गई है। खासतौर पर 28 और 29 अप्रैल को ग्वालियर, चंबल, जबलपुर और सागर संभाग के जिलों में बारिश हो सकती है।
इस बदलाव की वजह पश्चिमी विक्षोभ और प्रदेश के ऊपर सक्रिय तीन साइक्लोनिक सर्कुलेशन सिस्टम बताए जा रहे हैं। साथ ही एक ट्रफ लाइन भी गुजर रही है, जिसके कारण कुछ क्षेत्रों में आंधी और हल्की बारिश देखने को मिल सकती है।
गर्मी के बीच मंदसौर में बारिश
जहां एक ओर पूरा प्रदेश भीषण गर्मी से जूझ रहा है, वहीं मंदसौर जिले में शनिवार को बारिश दर्ज की गई। तेज धूप के बीच अचानक मौसम बदला और हल्की बारिश हुई, जिससे लोगों को कुछ समय के लिए राहत मिली। हालांकि यह राहत ज्यादा देर तक नहीं टिक सकी, लेकिन इससे मौसम में बदलाव के संकेत जरूर मिले हैं।
स्कूलों में छुट्टी और समय में बदलाव
लगातार बढ़ती गर्मी को देखते हुए प्रशासन ने भी कदम उठाए हैं। इंदौर जिले में आंगनवाड़ी केंद्रों और 8वीं तक के सभी स्कूलों में 27 से 30 अप्रैल तक अवकाश घोषित किया गया है। वहीं कक्षा 9वीं से 12वीं तक की कक्षाएं सुबह 7:30 बजे से दोपहर 12 बजे तक संचालित की जाएंगी।
ग्वालियर और उज्जैन में भी 8वीं कक्षा तक के विद्यार्थियों के लिए छुट्टी घोषित कर दी गई है। भोपाल के कुछ स्कूलों में भी इसी तरह के निर्णय लिए गए हैं, ताकि बच्चों को लू और तेज गर्मी से बचाया जा सके।
अलग-अलग क्षेत्रों का तापमान ट्रेंड
प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में तापमान अलग-अलग स्तर पर दर्ज किया जा रहा है। कुछ जिलों में जहां पारा 44 डिग्री के पार है, वहीं कुछ क्षेत्रों में 40 से 42 डिग्री के बीच बना हुआ है।
लू वाले क्षेत्र: निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, नीमच, मंदसौर, रतलाम, झाबुआ और अलीराजपुर (42 से 44+°C)
गरज-चमक और बारिश वाले क्षेत्र: ग्वालियर, भिंड, मुरैना, श्योपुर, दतिया, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, विदिशा, सागर, रायसेन, नर्मदापुरम, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, मंडला और बालाघाट (37 से 40+°C)
तेज गर्मी वाले क्षेत्र: भोपाल, इंदौर, उज्जैन, जबलपुर, दमोह, कटनी, डिंडौरी, अनूपपुर, शहडोल, उमरिया, मैहर, रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली सहित कई जिले (40 से 42+°C)
गर्मी से बचाव के लिए जरूरी सलाह
मौसम विभाग ने लोगों को गर्मी से बचने के लिए सावधानी बरतने की सलाह दी है। विशेषज्ञों के अनुसार, इस समय लापरवाही भारी पड़ सकती है। इसलिए दिनभर पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहें और शरीर को हाइड्रेट रखें। कोशिश करें कि दोपहर के समय धूप में बाहर न निकलें, खासकर 12 बजे से 4 बजे के बीच।
हल्के रंग और ढीले सूती कपड़े पहनें, ताकि शरीर का तापमान नियंत्रित रहे। बच्चों और बुजुर्गों को विशेष ध्यान देने की जरूरत है, क्योंकि वे लू के प्रति अधिक संवेदनशील होते हैं। बाहर निकलते समय सिर को ढककर रखें और संभव हो तो छाया में ही रहें।
निष्कर्ष
कुल मिलाकर मध्य प्रदेश इस समय भीषण गर्मी के दौर से गुजर रहा है, जहां एक ओर कई जिलों में लू का खतरा बना हुआ है, वहीं दूसरी ओर आने वाले दिनों में बारिश की संभावना थोड़ी राहत दे सकती है। हालांकि, जब तक मौसम पूरी तरह नहीं बदलता, तब तक सावधानी ही सबसे बड़ा बचाव है।
