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Rewa news: रीवा में बलात्कार का आरोपी अपर सत्र न्यायालय से हुआ दोषमुक्त

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Rewa news, अपर सत्र न्यायालय रीवा ने वर्ष 2023 के एक बहुचर्चित बलात्कार मामले में आरोपी अनुराग साकेत को सभी आरोपों से बरी कर दिया है। न्यायालय ने पाया कि अभियोजन पक्ष आरोपी के खिलाफ लगाए गए आरोपों को साबित करने में विफल रहा।

यह मामला तब सामने आया जब 2023 में रीवा के समान पुलिस थाने में एक फरियादिया ने अनुराग साकेत के खिलाफ जबरन बलात्कार और जान से मारने की धमकी देने की शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर, पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 376 (बलात्कार) और 506 (आपराधिक धमकी) के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार किया था।

गिरफ्तारी के बाद, मामले को विचारण के लिए अपर सत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया। न्यायालय में चली लंबी सुनवाई के दौरान, अभियोजन पक्ष ने अपने दावे को साबित करने के लिए विभिन्न साक्ष्य और गवाह पेश किए, लेकिन वे न्यायालय को यह समझाने में सफल नहीं हो सके कि आरोपी ने वास्तव में अपराध किया था।

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बचाव पक्ष की ओर से, प्रतिष्ठित अधिवक्ता राजीव सिंह परिहार, जिन्हें ‘शेरा सिंह’ के नाम से भी जाना जाता है, उन्होंने जोरदार पैरवी की। उन्होंने अभियोजन पक्ष द्वारा प्रस्तुत साक्ष्यों की कमियों को उजागर किया और आरोपी के निर्दोष होने का तर्क प्रस्तुत किया। उनकी प्रभावी दलीलों और साक्ष्यों के विश्लेषण के परिणामस्वरूप, न्यायालय ने अनुराग साकेत को सभी आरोपों से दोषमुक्त घोषित कर दिया।

इस फैसले के साथ ही, अनुराग साकेत अब सभी कानूनी बाध्यताओं से मुक्त हो गए हैं। यह निर्णय आपराधिक न्याय प्रणाली में “दोषी साबित होने तक निर्दोष” के सिद्धांत के महत्व को दर्शाता है, जहाँ अभियोजन पक्ष का यह दायित्व होता है कि वह संदेह से परे हर आरोप को साबित करे।

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