Jitu patwari: रीवा में गरजे जीतू पटवारी, डिप्टी सीएम से माग लिया इस्तीफा

Share With Others

Jitu patwari: बदहाल स्वास्थ्य सेवाओं पर रीवा में गरजे जीतू पटवारी: बोले—शर्म करो मंत्री अस्पताल बने असमय मौतों के अड्डे’, स्वास्थ्य मंत्री से मांगा इस्तीफा रीवा। प्रदेश भर में बदहाल होती स्वास्थ्य व्यवस्थाओं और अस्पतालों में लगातार हो रही मौतों के विरोध में कांग्रेस का ‘न्याय सत्याग्रह’ आंदोलन अब बेहद उग्र रूप ले चुका है। जिला कांग्रेस कमेटी और यूथ कांग्रेस नेता विक्रांत भूरिया के नेतृत्व में चल रहे इस अनिश्चितकालीन धरने में शामिल होने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी रीवा पहुंचे। मंच से सरकार पर सीधा हमला बोलते हुए जीतू पटवारी ने प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं को वेंटिलेटर पर बताया और उप मुख्यमंत्री व स्वास्थ्य मंत्री राजेंद्र शुक्ल से नैतिकता के आधार पर तुरंत इस्तीफे की मांग की।

कल्पना मिश्रा की मौत और बच्चों की शहादत पर घेरा

हरित प्रवाह के साथ अपडेट रहें

सत्याग्रह सभा को संबोधित करते हुए जीतू पटवारी रीवा के गांधी मेमोरियल अस्पताल में हुई कल्पना मिश्रा और उनके नवजात शिशु की मौत का जिक्र करते हुए भावुक और आक्रामक नजर आए। उन्होंने कहा, “आईसीयू से बाहर आकर अपने और अपने बच्चे की जान बचाने की गुहार लगाने वाली बेटी की मौत इस लचर व्यवस्था पर करारा तमाचा है। इसके अलावा उन्होंने बालाघाट में 30 आदिवासी बच्चों की मौत, जहरीली कफ सिरप से हुई मौतों और अस्पतालों में नवजात शिशुओं को चूहों द्वारा कुतरे जाने की घटनाओं का जिक्र करते हुए सरकार को कटघरे में खड़ा किया।

राजेंद्र शुक्ल इस्तीफा दें या CM मोहन यादव करें बर्खास्त’

जीतू पटवारी ने स्वास्थ्य मंत्री के गृह जिले रीवा की स्थिति पर सवाल उठाते हुए कहा कि 20 साल से विधायक और कद्दावर मंत्री रहने के बावजूद राजेंद्र शुक्ल अपने ही क्षेत्र के अस्पतालों को नहीं संभाल पा रहे हैं। उन्होंने कहा, मैं राजेंद्र शुक्ल से आग्रह करता हूं कि वे नैतिकता के आधार पर आज ही अपने पद से इस्तीफा दें। यदि वे खुद पद नहीं छोड़ते, तो मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव अपनी रीढ़ की हड्डी दिखाएं और उन्हें तुरंत मंत्रिमंडल से बर्खास्त करें।

दिग्गजों का जमावड़ा, प्रदेशव्यापी आंदोलन की चेतावनी

रीवा में जारी इस न्याय सत्याग्रह में प्रदेश कांग्रेस के तमाम दिग्गजों का जमावड़ा लग रहा है। जीतू पटवारी से पहले पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह, पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह ‘राहुल’ और पूर्व मंत्री कमलेश्वर पटेल भी धरना स्थल पहुंचकर सरकार को घेर चुके हैं। यूथ कांग्रेस नेताओं ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि पीड़ितों को न्याय नहीं मिला और दोषियों पर सख्त कार्रवाई नहीं हुई, तो इस आंदोलन को पूरे प्रदेश के ब्लॉक और जिला स्तर पर ले जाया जाएगा।

Leave a Comment