रीवा में नाले पर चला बुलडोजर 20 अवैध निर्माण ध्वस्त, शहर को जलभराव से मिली मुक्ति
रीवा। हर साल बारिश में घुटनों तक पानी में डूबने वाले औद्योगिक क्षेत्र के लोगों के लिए इस बार एक बड़ी राहत की खबर है। नगर निगम की पहली बारिश से पहले ही, वर्षों से नाले पर किए गए अवैध कब्जों पर बुलडोजर चलाकर उन्हें जमींदोज कर दिया है।
यह सिर्फ अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई नहीं, बल्कि नागरिकों को जलभराव की त्रासदी से बचाने का एक निर्णायक कदम है।
वार्ड क्रमांक 42, जगन्नाथ मंदिर के सामने स्थित औद्योगिक क्षेत्र की सड़क पर बने नाले पर करीब 20 घरों ने स्थायी निर्माण कर उसे पूरी तरह से बंद कर दिया था। इस अवैध कब्जे के कारण नाले में जल निकासी ठप हो गई थी। परिणाम यह होता था कि हल्की बारिश में भी सड़क पर जलभराव हो जाता था,
जिससे आवागमन मुश्किल हो जाता और लोगों के घरों में पानी घुसने का खतरा बना रहता था।
चेतावनी के बाद भी नहीं माना गया, फिर हुआ एक्शन
नगर निगम आयुक्त सौरभ सोनवड़े ने बताया कि इस समस्या को देखते हुए करीब एक महीने पहले सभी अतिक्रमणकारियों को नोटिस जारी कर खुद से कब्जा हटाने का निर्देश दिया गया था। लेकिन निर्देशों का कोई पालन नहीं किया गया। इसके बाद, शनिवार को कार्यपालन यंत्री एचके त्रिपाठी के नेतृत्व में नगर निगम की टीम, भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुँची।
जेसीबी मशीन की मदद से एक-एक करके सभी 20 अवैध निर्माणों को ध्वस्त कर दिया गया। इस दौरान शांति और व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल की मौजूदगी आवश्यक थी। इस कार्रवाई से नाला एक बार फिर पूरी तरह से खुल गया है, जिससे इस बार की बारिश में जल निकासी की समस्या नहीं होगी।
इस कार्रवाई में सहायक यंत्री पीएन शुक्ला और पूरा अतिक्रमण अमला सक्रिय रहा। यह स्पष्ट संदेश है कि नगर निगम भविष्य में भी जनहित से जुड़े मामलों में किसी भी तरह की लापरवाही या अवैध निर्माण को बर्दाश्त नहीं करेगा।
