रीवा के प्रार्थना अस्पताल द्वारा मरीजों को मनमाने तरीके से लूटने और मरीजों से लूट का बड़ा मामला सामने आया है। अस्पताल में भर्ती मरीज के परिजनों ने खुद एक वीडियो वायरल कर अस्पताल प्रबंधन की पोल खोली है। युवक ने शहर के प्रार्थना अस्पताल पर मनमाने तरीके से बिल बनाने और मरीजों को लूटने का आरोप लगाया है।

क्या है पूरा मामला

मामला रीवा शहर के प्रार्थना अस्पताल का है, जहां एक मरीज के परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर लूट का आरोप लगाया है। युवक ने कहा कि अस्पताल प्रबंधन फिल्म गब्बर इज बैक की तर्ज पर मरीजों को लूट रहा है। वायरल वीडियो में युवक ने बताया कि अस्पताल वाले एक दवा देते हैं, लेकिन बिल में चार दवाओं के पैसे जोड़ देते हैं। और दिए जाते हैं सिर्फ दो।

युवक ने खुद कैमरे पर पोल खोली

वीडियो में युवक कहता नजर आ रहा है कि- यहां मरीजों की हालत की चिंता नहीं है। अस्पताल को सिर्फ पैसा कमाने की मशीन बना दिया गया है। एक दवा देते हैं और चार की कीमत जोड़ देते हैं। अस्पताल स्टाफ मरीजों को जबरन बाहर से महंगी दवाइयां लिखकर खरीदने पर मजबूर करता है।

युवक ने आरोप लगाया कि अगर कोई मरीज बाहर से दवा खरीदता है तो स्टाफ द्वारा उसे धमकाया जाता है। अस्पताल प्रशासन मनमाने तरीके से बिल में अतिरिक्त चार्ज जोड़कर मरीजों से पैसे वसूल रहा है।

बिलिंग में अनियमितता का आरोप

परिजनों का आरोप है कि इलाज के दौरान दी जाने वाली दवाओं का बिल मरीजों को बिना बताए थमा दिया जाता है। जब परिजनों ने बिल चेक किया तो उसमें कई ऐसी दवाएं और जांच थीं जो मरीज को नहीं दी गईं।

जिला प्रशासन से कार्रवाई की मांग

युवक ने वायरल वीडियो के जरिए जिला प्रशासन और कलेक्टर से मांग की है कि इस मामले की जल्द से जल्द जांच की जाए और दोषी अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।

अस्पताल प्रशासन का पक्ष सामने नहीं आया है

वहीं, प्रार्थना अस्पताल की ओर से इस मामले में अभी तक कोई सफाई नहीं दी गई है।

लूट पर कब लगेगा अंकुश? रीवा शहर में निजी अस्पतालों की मनमानी के खिलाफ कई बार शिकायतें की जा चुकी हैं, लेकिन प्रशासन की ढिलाई के चलते अस्पतालों की लूट पर रोक नहीं लग पा रही है। अब देखना यह है कि प्रशासन इस मामले में क्या कार्रवाई करता है और दोषियों पर क्या कार्रवाई होती है।