MP Flood: मध्य प्रदेश में बाढ़ का खतरा मुख्यमंत्री मोहन यादव ने देर रात किया आकस्मिक निरीक्षण, अधिकारियों को सचेत रहने का दिया आदेश। 28 जुलाई की देर रात मुख्यमंत्री मोहन यादव आपदा प्रबंधन केंद्र पहुंचे सीएम ने विभिन्न जिलों में हो रही बारिश से पैदा हुई बाढ़ की स्थिति का जायजा लिया है।

पिछले हफ्ते से ही मध्य प्रदेश में बारिश का दौर जारी है कई जिलों में जल भराव की स्थिति भी बन चुकी है, वही कुछ जिलों में तो लगातार बारिश के कारण घर में जल भराव की स्थिति भी बनी हुई है। मैं प्रदेश के कुछ हिस्सों में तालाब झील बन चुकी हैं, सड़क समंदर बनी हुई है।

MP Flood मध्य प्रदेश में लगातार हो रही मानसून की बारिश से प्रदेश के लोगों का हाल-बेहाल है, भारी बारिश से नदियां उफान पर हैं जल स्तर बढ़ने से नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही है, जिससे जान और माल को लगातार खतरा बढ़ गया है। प्रदेश में बाढ़ (Floods) जैसे हालात को देखते हुए रविवार को दिल्ली से लौटे सीएम डा. मोहन यादव (Dr. Mohan Yadav) आकस्मिक निरीक्षण के लिए सीधे राज्य आपदा प्रबंधन केंद्र पहुंचे और अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की।

MP Flood CM ने की कलेक्टरों से बातचीत

प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में कुछ बाढ़ प्रभावित जिलों के कलेक्टरों से फोन पर बातचीत की और साथ ही निर्देशित किया, कि जिला प्रशासन और राज्य आपदा केंद्र के बीच समन्वय रहे जिससे कोई भी विषम परिस्थिति ना बन सके।

वही इस मीटिंग में ने मध्य प्रदेश पुलिस महानिदेशक, होमगार्ड महानिदेशक, पुलिस कमिश्नर, कलेक्टर भोपाल सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी इस मौके पर उपस्थित रहे। मध्य प्रदेश में भारी बारिश के बाद बाढ़ की स्थिति बनी हुई है जिसे देखते हुए यह बैठक रात को बुलाई गई थी।

MP Flood मोहन यादव ने दिया अधिकारियों को निर्देश

प्रदेश के मुखिया मोहन यादव ने निर्देश दिए हैं कि सुनिश्चित किया जाए कि ऐसे स्थान जहां भी पल के ऊपर पानी बह रहा है, वहां नागरिकों को नहीं जाना चाहिए, इस संबंध में सभी सजक रहे, और बांधों के गेट खुलने की स्थिति में सतर्क रहें जो क्षेत्र जलमग्न हो सकते हैं, वहां आवश्यक सावधानी रखी जाए ताकि जनहानि ना हो।

MP Flood बाढ़ प्रभावित क्षेत्र के लिए हेलीकॉप्टर व्यवस्था

MP Flood को देखते हुए सीएम ने सभी वरिष्ठ अधिकारियों को निर्देश दिया है, की स्थितियों पर निरंतर नजर बनाए रखें आवश्यकता हो तो हेलीकॉप्टर की व्यवस्था भी ऐसे क्षेत्र के लिए रखी जाए जहां ग्रामीण क्षेत्रों में बाढ़ के कारण दुर्घटनाएं होती रहती हैं। ताकि बाढ़ के कारण किसी को भी कोई समस्या न उठानी पड़े।

मुख्यमंत्री मोहन ने की लोगों से यह अपील

मुखिया मोहन यादव ने प्रदेश में कई सारे जिलों में भारी बारिश के चलते बाढ़ जैसे हालात को देखते हुए नागरिकों से अपील की है कि, अधिक वर्षा की स्थिति उत्पन्न होने वाले कष्टों से बचने के लिए सजक रहे, उन्होंने अपील की है कि बच्चों को अधिक जलस्तर और बहाव क्षेत्र की तरफ ना जाने दे और आकाशीय बिजली से भी सावधान रहे ताकि किसी को भी कोई हानि ना हो।

प्रदेश के बांध भर चुके हैं 50%

प्रदेश अब तक औसत से 4 % अधिक वर्षा हो चुकी है बरगी बांध के गेट खुलने से नदियों का जल स्तर बढ़ गया है,भारी बारिश से प्रदेश के अधिकांश सिंचाई बांध 50 % के आसपास भर चुके हैं, इनमें बरगी बांध जलाशय 53 %, गांधी सागर 56 %, इंदिरा सागर 23 %, ओंकोरश्वर 44 % और राजघाट 30 % भरे हुए हैं।

आकस्मिक निरीक्षण पर राज्य आपदा केंद्र पहुंचे CM

राजधानी भोपाल स्थित राज्य आपदा प्रबंधन केंद्र में पहुंचे सीएम मोहन यादव ने प्रदेश में बाढ़ की स्थिति और राहत कार्यों का जायजा लेने के बाद सोशल मीडिया पर शेयर करते हुए लिखा, आज देर रात दिल्ली से लौटकर प्रदेश के कई क्षेत्रों में अतिवर्षा से उत्पन्न बाढ़ की स्थिति जानने के लिए राज्य आपदा प्रबंधन केंद्र, भोपाल में बाढ़ नियंत्रण कक्ष के कंट्रोल रूम का आकस्मिक निरीक्षण किया, साथ ही आपदा प्रबंधन और राहत कार्यों की समीक्षा की।