Mohan cabinet : मोहन कैबिनेट के बैठक में अहम फैसले इन योजनाओं को मिली मंजूरी
Mohan cabinet: मुख्यमंत्री मोहन यादव की अध्यक्षता में आज हुई कैबिनेट बैठक में कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर मुहर लगाई गई। छात्रों, किसानों और राज्य के विकास से जुड़े कई अहम फैसले लिए गए।
छात्रों और किसानों के लिए महत्वपूर्ण घोषणाएं:
लैपटॉप वितरण: मध्य प्रदेश में 4 जुलाई को मेधावी विद्यार्थियों को लैपटॉप वितरित करने का कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।
मूंग और उड़द खरीदी: न्यूनतम समर्थन मूल्य पर मूंग और उड़द के उपार्जन के लिए किसानों का पंजीयन 6 जुलाई तक जारी रहेगा, जबकि खरीदी 7 जुलाई से 6 अगस्त तक की जाएगी।
विकास और ढांचागत सुधार:
मुख्यमंत्री वृंदावन ग्राम योजना: इस नई योजना को मंजूरी दी गई है, जिसके तहत प्रत्येक विधानसभा से 2 हजार आबादी वाले एक गांव का चयन कर उसे आदर्श ग्राम के रूप में विकसित किया जाएगा। इस योजना में कम से कम 500 गौवंश वाले हितग्राही गांव का चयन किया जाएगा, जहां आजीविका संबंधी गतिविधियों और जैविक खेती को प्रोत्साहित करते हुए गांव का समग्र विकास किया जाएगा।
पुलों का होगा सुधार
प्रदेश के 1766 पुलों को सुधारा जाएगा, जिस पर 4572 करोड़ रुपये खर्च होंगे। यह कार्य राज्य सरकार के बजट से किया जाएगा और अगले 5 वर्षों में सभी पुलों का निर्माण व सुधार कार्य पूरा होगा।
* अनुसूचित जाति-जनजाति कार्यालय: मऊगंज, मैहर और पांढुर्ना में अनुसूचित जाति-जनजाति कार्यालय खोले जाएंगे, जिसके लिए 3 करोड़ 81 लाख रुपये का फंड मंजूर किया गया है।
* फोरेंसिक एक्सपर्ट पदों का सृजन: नए कानून (भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता) के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए 7 साल या उससे अधिक सजा वाले अपराधों में फोरेंसिक एक्सपर्ट के अनिवार्य तथा आवश्यक भ्रमण हेतु कुल 1266 नए पदों का सृजन किया गया है।
उच्च शिक्षा और निवेश को प्रोत्साहन:
* राष्ट्रीय रक्षा विश्वविद्यालय कैंपस: भोपाल में राष्ट्रीय रक्षा विश्वविद्यालय, गांधीनगर का कैंपस आरंभ करने की स्वीकृति मिल गई है। जब तक इसका स्थायी भवन तैयार नहीं हो जाता, तब तक इसका संचालन राजीव गांधी प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय परिसर में किया जाएगा।
* निवेश प्रोत्साहन: रतलाम में 27 जून को सफलतापूर्वक आयोजित ‘RISE Conclave 2025’ में 30402 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं, जिनसे 35 हजार से अधिक रोजगार के अवसर सृजित होने की उम्मीद है।
कैबिनेट बैठक के बाद निवेश संवर्धन को लेकर गठित मंत्रिमंडल समिति की बैठक भी होगी, जिसमें विभिन्न उद्योगों को प्रोत्साहन नीति के अंतर्गत लाभ देने संबंधी फैसले लिए जाएंगे।
