मध्य प्रदेश के 5 लाख कर्मचारियों के लिए बड़ी खबर, हाईकोर्ट ने हटाया आदेश,सैलरी में होगी बंपर बढ़ोतरी, फटाफट चेक करें
ये खबर 5 लाख श्रमिकों और 3 लाख अंशकालीन कर्मचारियों के लिए जो वेतन वृद्धि का इंतजार कर रहे हैं। हाईकोर्ट की इंदौर खंडपीठ ने न्यूनतम वेतन में वृद्धि पर लगा स्टे हटा दिया है। Madhya Pradesh News: यह खबर वेतन बढ़ोतरी का इंतजार कर रहे 5 लाख श्रमिकों और 3 लाख अंशकालिक कर्मचारियों के …

ये खबर 5 लाख श्रमिकों और 3 लाख अंशकालीन कर्मचारियों के लिए जो वेतन वृद्धि का इंतजार कर रहे हैं। हाईकोर्ट की इंदौर खंडपीठ ने न्यूनतम वेतन में वृद्धि पर लगा स्टे हटा दिया है।
Madhya Pradesh News: यह खबर वेतन बढ़ोतरी का इंतजार कर रहे 5 लाख श्रमिकों और 3 लाख अंशकालिक कर्मचारियों के लिए है। हाईकोर्ट की इंदौर बेंच ने अब न्यूनतम मजदूरी में बढ़ोतरी पर लगी रोक हटा दी है। यह बड़ी खबर है जो आपके लिए हम लेकर आ रहे है। अब इन श्रमिकों को हर महीने वेतन में ₹1,625 से ₹2,000,434 तक की बढ़ोतरी मिलेगी।
आपको बता दें कि पीथमपुर औद्योगिक संगठन ने न्यूनतम मजदूरी बढ़ोतरी के खिलाफ हाईकोर्ट की इंदौर बेंच में याचिका दायर की थी, जिस पर हाईकोर्ट ने स्टे दे दिया है, लेकिन सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने वेतन बढ़ोतरी की प्रक्रिया को भी सही माना है।
कमल सरकार में गठित वेतन पुनरीक्षण समिति ने वर्ष 2019 में श्रमिकों के न्यूनतम वेतन में 25 प्रतिशत तक की वृद्धि की अनुशंसा की थी। इसे अप्रैल 2019 से लागू किया जाना था, लेकिन सरकार ने इसे अप्रैल 2024 से लागू किया। श्रमिकों को मई 2024 में बढ़ा हुआ वेतन भी दिया गया। फिर पीथमपुर औद्योगिक संगठन वेतन वृद्धि के खिलाफ हाईकोर्ट चला गया।
जिस पर कोर्ट ने स्टे दे दिया। इसके बाद कंपनियों ने मई में दिया गया बढ़ा हुआ वेतन भी वसूल लिया। मामले को लेकर श्रमिक संगठनों ने आंदोलन का ऐलान किया और हाईकोर्ट से मांग की कि इस मामले की जल्द सुनवाई की जाए।
अब जबकि हाईकोर्ट का आदेश आ गया है तो श्रमिक संगठनों का कहना है कि अब श्रमिकों को 1 अप्रैल 2024 से वेतन वृद्धि का लाभ दिया जाए, लेकिन इसके साथ ही महीने का एरियर भी दिया जाए। अब देखना यह है कि सरकार उनकी मांगों को लेकर क्या रुख अपनाती है और उन्हें एरियर देती है या नहीं।