क्राइम

Rewa news: सेमरिया विधायक पर लगे गंभीर आरोप, मारपीट और नशीले पदार्थों के सेवन का दावा; पुलिस जांच पर उठे सवाल!

Share With Others

Rewa news: रीवा। सेमरिया क्षेत्र से जुड़े एक सनसनीखेज मामले में एक युवक ने सेमरिया से विधायक अभय मिश्रा पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पीड़ित ने मीडिया के सामने आकर दावा किया है कि कांग्रेस पार्टी के सेमरिया विधायक अभय मिश्रा और उनके समर्थकों ने उसके साथ मारपीट की, उसे अवैध रूप से बंधक बनाकर रखा, और नशीले पदार्थों के सेवन में लिप्त होने का चौंकाने वाला दावा किया। इस घटना के बाद पुलिस की धीमी कार्रवाई पर भी गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।

पीड़ित का दावा: ‘अवैध हिरासत और ढाई घंटे तक मारपीट’
कैमरे के सामने खड़े होकर अभिषेक तिवारी (नितिल) नामक युवक ने आरोप लगाया कि अभय मिश्रा (विधायक) और उनके अन्य लोगों ने उसके साथ मारपीट की।

अभिषेक तिवारी ने कहा: “अभय मिश्रा ने पहले मुझ पर 10-5 लाठियाँ मारीं, थप्पड़ मारे। इसके बाद उनके अन्य लोगों ने भी मारपीट की। मेरे साथ ढाई घंटे तक मारपीट हुई। फिर मुझे अंदर बंद कर दिया और बोले ‘रात में भी मारो ,

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now

युवक ने दावा किया कि बाद में किसी का फोन आने पर उसे छोड़ दिया गया। आरोपियों ने कथित तौर पर कहा, “अब गांव में पता चल गया है, दिक्कत हो जाएगी, मार डालोगे तो 302 (हत्या) का मुकदमा लग जाएगा।” इसके बाद उसे बाहर किया गया।

नशीले पदार्थों के सेवन का चौंकाने वाला आरोप

शिकायतकर्ता अभिषेक तिवारी ने विधायक पर बेहद गंभीर आरोप लगाते हुए दावा किया कि वे अल्फाजोलम और कोरेक्स जैसे नशीले पदार्थों का सेवन करते हैं।
“विधायक खुद अल्फाजोलम और कोरेक्स नशा कर रहे हैं। दिन भर में चार-पांच सीसी कोरेक्स पीते हैं और दो-तीन पत्ता गोली खाते हैं।” हालांकि युवक द्वारा लगाए गए सभी गंभीर आरोपी का अभी इस मामले में सेमरिया विधायक अभय मिश्रा का जवाब नहीं आया है,

पीड़ित ने यहाँ तक दावा किया कि वह खुद विधायक के साथ था और उन्हें ये सामग्री उपलब्ध कराता था। उसने कहा कि ये नशीले पदार्थ बेड के नीचे रखे रहते थे।

पुलिस की कार्रवाई पर गंभीर सवाल

पीड़ित अभिषेक तिवारी ने बताया कि उसने इस घटना को लेकर पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई थी, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है।
: पीड़ित का दावा है कि उसके द्वारा शिकायत किए जाने के बावजूद, पुलिस ने मामले में कोई जाँच या ठोस कार्रवाई नहीं की है। अभिषेक ने यह भी कहा कि उसके खिलाफ जो मुकदमा दर्ज किया गया है, वह पूरी तरह फर्जी है।

पीड़ित का यह दावा, कि जनप्रतिनिधि के खिलाफ सीधी शिकायत के बावजूद पुलिस ने एफआईआर दर्ज करने या जाँच में तत्परता नहीं दिखाई, कानून के राज और निष्पक्षता पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
पीड़ित अभिषेक तिवारी ने शासन और प्रशासन से हाथ जोड़कर निवेदन किया है कि इस गंभीर मामले में जल्दी कार्रवाई हो और उसे न्याय मिले।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *