MP Weather News: एमपी में मौसम का यू-टर्न: रीवा-सीधी समेत 17 जिलों में मूसलाधार बारिश की चेतावनी
MP Weather News; मध्य प्रदेश में इस साल गर्मी ने अप्रैल के अंत से ही अपने तीखे तेवर दिखाने शुरू कर दिए थे। कई जिलों में तापमान 42 से 45 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था, जिससे जनजीवन पूरी तरह प्रभावित हो रहा था। लेकिन अब मौसम ने अचानक करवट ले ली है। गुरुवार को प्रदेश के कई हिस्सों में तेज आंधी, गरज-चमक के साथ बारिश और कुछ जगहों पर ओलावृष्टि देखने को मिली, जिससे लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली है।
15 से ज्यादा जिलों में बदला मौसम का मिजाज
गुरुवार को राजधानी भोपाल और ग्वालियर समेत 15 से अधिक जिलों में मौसम ने अचानक पलटी मारी। सुबह से शुरू हुआ बादलों का जमाव शाम होते-होते तेज आंधी और बारिश में बदल गया।
सतना, श्योपुर, टीकमगढ़, रायसेन, बालाघाट, छतरपुर, मुरैना, सागर, पन्ना, मैहर, उमरिया और रीवा जैसे जिलों में कहीं तेज बारिश तो कहीं ओले गिरने की घटनाएं सामने आईं।
उमरिया और मुरैना में ओलावृष्टि ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है, वहीं शहरी इलाकों में तेज हवाओं के कारण कई जगह पेड़ गिर गए।
भोपाल में आंधी का असर: पेड़ उखड़े, यातायात प्रभावित
राजधानी भोपाल में तेज आंधी ने काफी असर डाला। कोलार रोड सहित कई इलाकों में बड़े पेड़ उखड़ गए, जिससे यातायात भी प्रभावित हुआ।
शाम होते-होते मौसम और ज्यादा खराब हो गया और देर रात तक गरज-चमक के साथ बारिश का सिलसिला जारी रहा।
स्थानीय प्रशासन को कई जगहों पर रास्ते साफ कराने और बिजली आपूर्ति बहाल करने के लिए मशक्कत करनी पड़ी।
आज इन 17 जिलों में अलर्ट जारी
मौसम विभाग (आईएमडी) ने शुक्रवार को प्रदेश के 17 जिलों में आंधी और बारिश का अलर्ट जारी किया है। जिन जिलों में असर देखने को मिल सकता है, उनमें शामिल हैं:
ग्वालियर, मुरैना, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, शहडोल, उमरिया, अनूपपुर, डिंडौरी
मंडला, सिवनी, बालाघाट इन जिलों में तेज हवा (40-60 किमी/घंटा), गरज-चमक और हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई गई है।
कई जिलों में अभी भी जारी रहेगी गर्मी
हालांकि प्रदेश के सभी हिस्सों में राहत नहीं है। भोपाल, इंदौर, उज्जैन, धार, बुरहानपुर, खंडवा, खरगोन, झाबुआ, देवास, रतलाम, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, जबलपुर, सागर, छिंदवाड़ा समेत कई जिलों में दिन के समय गर्मी का असर बना रहेगा।
इन क्षेत्रों में तापमान अभी भी 40 डिग्री के आसपास रह सकता है, लेकिन शाम के समय आंधी या हल्की बारिश राहत दे सकती है।
2 मई से एक्टिव होगा नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस
मौसम विभाग के अनुसार 2 मई से पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में एक नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस (पश्चिमी विक्षोभ) सक्रिय होने जा रहा है।
इस सिस्टम का असर मध्य प्रदेश के मौसम पर भी पड़ेगा। इसके कारण:
बादलों की आवाजाही बढ़ेगी
आंधी और बारिश की गतिविधियां तेज होंगी
कुछ जिलों में ओलावृष्टि की संभावना भी बन सकती है
मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि यह सिस्टम 4 मई तक सक्रिय रह सकता है, जिससे प्रदेश के कई हिस्सों में लगातार राहत का दौर बना रहेगा।
4 मई तक बारिश के आसार, तापमान में गिरावट संभव
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार 2 मई से 4 मई तक प्रदेश में आंधी-बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है।
इस दौरान: अधिकतम तापमान में 2 से 4 डिग्री तक गिरावट आ सकती है
रात के तापमान में भी कमी दर्ज की जाएगी
हीटवेव (लू) से अस्थायी राहत मिलेगी
हालांकि मौसम पूरी तरह ठंडा नहीं होगा, लेकिन तेज गर्मी से राहत जरूर मिलेगी।
रीवा संभाग में राहत की बारिश, लोगों ने ली राहत की सांस
रीवा संभाग के कई जिलों में बारिश ने लोगों को बड़ी राहत दी है।
सीधी जिले के अमर बताते हैं कि:
“इस बार गर्मी बहुत ज्यादा थी, तापमान सबसे ज्यादा हमारे यहां ही था। लेकिन बारिश के बाद मौसम काफी सुहावना हो गया है।”
मऊगंज निवासी शुभम का कहना है:
“करीब 60 मिनट की बारिश ने ही पूरी गर्मी को कम कर दिया। अगर ऐसा मौसम 4 मई तक बना रहा तो काफी राहत मिलेगी।”
रीवा के राजेश बताते हैं:
“सुबह तक तो ऐसा लग रहा था जैसे आग बरस रही हो, लेकिन अचानक मौसम बदला और बारिश ने पूरा माहौल ठंडा कर दिया। काम पर जाते समय जो बारिश हुई, उसने मन को सुकून दे दिया।”
किसानों के लिए राहत और चिंता दोनों
बारिश और ओलावृष्टि का असर किसानों पर मिला-जुला देखने को मिल रहा है। जहां एक ओर बारिश से फसलों को नमी मिल रही है और गर्मी से राहत मिली है, वहीं ओलावृष्टि से कुछ क्षेत्रों में फसलों को नुकसान भी पहुंचा है।
विशेषज्ञों का कहना है कि अगर आने वाले दिनों में तेज ओले गिरते हैं तो खड़ी फसलों को नुकसान हो सकता है।
मौसम विभाग की सलाह
मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है:
आंधी के दौरान पेड़ों और कमजोर संरचनाओं से दूर रहें
बिजली गिरने की संभावना होने पर खुले स्थानों से बचें
किसान फसलों की सुरक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाएं
तेज हवा के दौरान वाहन सावधानी से चलाएं
भोपाल में मई का मौसम: गर्मी और बारिश का मिला-जुला ट्रेंड
राजधानी भोपाल में मई का महीना आमतौर पर तेज गर्मी के लिए जाना जाता है, लेकिन पिछले एक दशक के आंकड़े बताते हैं कि यहां गर्मी के साथ-साथ बारिश का भी सिलसिला देखने को मिलता रहा है।
पिछले 10 सालों में कई बार तापमान रिकॉर्ड स्तर तक पहुंचा है। साल 2016 में अधिकतम तापमान 46.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था, जो अब तक का उच्चतम स्तर माना जाता है।
हालांकि, इस भीषण गर्मी के बीच मई में बारिश भी होती रही है। 2014 से 2023 के बीच हर साल किसी न किसी समय बारिश दर्ज की गई है। खासतौर पर 2021 और 2023 में 2 इंच से ज्यादा वर्षा रिकॉर्ड की गई थी।
मौसम विभाग के मौजूदा पूर्वानुमान के अनुसार, इस साल भी मई में बारिश और आंधी का दौर देखने को मिल सकता है, जिससे तापमान में अस्थायी गिरावट आ सकती है।
इंदौर में भी मई में बदलता है मौसम का मिजाज
इंदौर का मौसम भी मई के महीने में कुछ ऐसा ही पैटर्न दिखाता है। यहां भी एक ओर जहां तेज गर्मी पड़ती है, वहीं दूसरी ओर बीच-बीच में बादल और बारिश राहत देते हैं।
इतिहास के आंकड़ों पर नजर डालें तो 31 मई 1994 को इंदौर में तापमान 46 डिग्री सेल्सियस से अधिक दर्ज किया गया था, जो शहर के लिए एक बड़ा रिकॉर्ड है।
इसके बावजूद मई में यहां मौसम पूरी तरह स्थिर नहीं रहता। कई बार बादल छाने और हल्की से मध्यम बारिश होने की स्थिति बनती है।
पिछले साल यानी 2023 में पूरे मई महीने के दौरान करीब 3 इंच बारिश दर्ज की गई थी। वहीं 2014 से 2023 के बीच 9 वर्षों में इंदौर में मई के दौरान बारिश हो चुकी है, जो इस बात का संकेत है कि यहां प्री-मानसून एक्टिविटी लगातार सक्रिय रहती है।
इस साल भी मौसम विभाग ने इंदौर सहित आसपास के क्षेत्रों में आंधी और बारिश की संभावना जताई है, जिससे गर्मी से कुछ राहत मिलने की उम्मीद है।
गर्मी से राहत का दौर, लेकिन सतर्क रहना जरूरी
मध्य प्रदेश में फिलहाल मौसम राहत देने वाला बना हुआ है। भीषण गर्मी के बीच आई आंधी-बारिश ने लोगों को राहत दी है, लेकिन यह बदलाव अस्थायी है।
2 मई से सक्रिय हो रहा नया सिस्टम 4 मई तक असर दिखाएगा, जिससे प्रदेश के कई जिलों में बारिश और आंधी का दौर जारी रह सकता है।
ऐसे में जहां एक ओर लोग राहत महसूस कर रहे हैं, वहीं मौसम के अचानक बदलते मिजाज को देखते हुए सतर्क रहना भी जरूरी है।
