Rewa news: स्कूल से शौचालय के लिए निकला मासूम छात्र सड़क हादसे में गई जान स्कूल प्रबंधन की लापरवाही से गई जान
Rewa news: रीवा: कहते हैं मौत कब और किस रूप में आ जाए, कोई नहीं जानता लेकिन जब कोई मासूम सिस्टम की खामियों की भेंट चढ़ जाए, तो सवाल उठना लाजिमी है। मध्य प्रदेश के गुढ़ विधानसभा के दुआरी शासकीय प्राथमिक पाठशाला हरिजन बस्ती दुआरी स्कूल में पढ़ने वाला 6 वर्षीय मासूम मानसू यादव, जो सुनहरे भविष्य के सपने लेकर स्कूल गया था, आज अपने परिवार के बीच नहीं है।
परिजनों ने बताया कि कल 11 फरवरी दोपहर करीब 1:00 बजे, जब स्कूल में मध्याह्न भोजन का समय था, कक्षा पहली में पढ़ने वाला मानसू यादव स्कूल परिसर से बाहर शौचालय के लिए निकला था। सड़क पार करते समय एक तेज रफ्तार मोटरसाइकिल ने उसे जोरदार टक्कर मार दी।
हादसे के बाद घायल बच्चे को तुरंत संजय गांधी अस्पताल ले जाया गया। वहां से उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे जबलपुर रेफर कर दिया। लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था; जबलपुर ले जाते समय रास्ते में ही मासूम बच्चे ने दम तोड़ दिया।
स्कूल के हेडमास्टर का कहना है कि स्कूल में शौचालय की सुविधा है, लेकिन बच्चे कभी-कभी बाहर चले जाते हैं। यह घटना लंच ब्रेक के दौरान हुई। हेड मास्टर के बयान से साफ-साफ जाहिर होता है कि स्कूल प्रबंधन की घोर लापरवाही आखिर बच्चों को स्कूल गेट के बाहर की ओर क्यो जाने दिया जब स्कूल में ही पूरी व्यवस्थाएं हैं तो स्कूल के पढ़ने वाले छात्र शौच प्रक्रिया के लिए बाहर क्यों जाते हैं
कहीं ना कहीं इस बच्चे की मौत का जिम्मेदार स्कूल प्रबंध और जिला प्रशासन को माना जाएगा ।
बच्चे के चाचा और पिता ने बताया कि बच्चा स्कूल पढ़ने गया था और स्कूल से ही वह बाहर निकला था। उन्होंने बाइक सवार की पहचान न होने और प्रशासन की ढिलाई पर चिंता व्यक्त की है।
गुढ़ पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और पंचनामा की कार्रवाई शुरू कर दी है। फिलहाल मोटरसाइकिल सवार की तलाश जारी है। हालांकि मृतक छात्र के परिजनों ने मृतक के शव को स्कूल परिसर के बाहर रखकर हंगामा शुरू कर दिए हैं हालांकि मौके पर गुढ़ पुलिस पहुंच गई और पुलिस की समझाइस के बाद परिजनों ने शव पुलिस को सौंप दिया है पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए रीवा के संजय गांधी अस्पताल भेज दिया है जहां मृतक छात्र का पोस्टमार्टम जारी
स्कूल की सुरक्षा: यदि स्कूल में शौचालय था, तो 6 साल का बच्चा अकेले बाहर कैसे चला गया? क्या गेट पर कोई निगरानी नहीं थी?
सड़क सुरक्षा: ग्रामीण क्षेत्रों में स्कूलों के पास से गुजरने वाले वाहनों की गति सीमा पर अंकुश क्यों नहीं है?
प्रशासनिक जवाबदेही: क्या इस मासूम की मौत के लिए केवल वह अज्ञात बाइक सवार जिम्मेदार है, या सिस्टम की लापरवाही भी?
मासूम मानसू के परिजन अब पुलिस से उस स्कूल और अज्ञात बाइक सवार की गिरफ्तारी और उचित न्याय की मांग कर रहे हैं।
